आयुर्वेद में त्रिदोष यानी वात, पित्त और कफ को शरीर की तीन प्राकृतिक ऊर्जाएँ माना गया है। इस लेख में सरल भाषा में जानिए कि ये तीनों दोष क्या हैं, शरीर में इनकी क्या भूमिका है, असंतुलन होने पर क्या प्रभाव पड़ सकता है और संतुलित जीवनशैली क्यों महत्वपूर्ण मानी जाती है। साथ ही 2–3 मिनट का ऑडियो ईबुक सुनकर भी इस विषय को आसानी से समझें।
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